सही दस्तावेज़ पहले से तैयार रखना देरी से बचने का सबसे आसान तरीका है। लेंडर थोड़ा अलग माँग सकते हैं, लेकिन ज़्यादातर आवेदनों में नीचे दिए दस्तावेज़ लगते हैं।
सभी के लिए: पहचान और पता (KYC)
- PAN कार्ड — लोन के लिए ज़रूरी
- आधार या पते का कोई और मान्य प्रमाण — पासपोर्ट, वोटर ID या ड्राइविंग लाइसेंस
- हाल की फ़ोटो, अगर लेंडर माँगे
नौकरीपेशा के लिए: आय का प्रमाण
- पिछले कुछ महीनों की सैलरी स्लिप
- सैलरी क्रेडिट दिखाने वाले बैंक स्टेटमेंट — आम तौर पर पिछले 3 से 6 महीने
- Form 16 या ITR, अगर लेंडर माँगे
अपना काम करने वालों के लिए: आय और बिज़नेस का प्रमाण
- ITR, अक्सर पिछले एक-दो साल का, आय की गणना (computation) के साथ
- जहाँ हो, प्रॉफ़िट-लॉस और बैलेंस शीट
- बिज़नेस का प्रमाण — GST रजिस्ट्रेशन, उद्यम सर्टिफ़िकेट, दुकान लाइसेंस या प्रोफ़ेशनल रजिस्ट्रेशन
- मुख्य खाते के बैंक स्टेटमेंट — आम तौर पर पिछले 6 से 12 महीने
बैंक स्टेटमेंट, डिजिटल तरीके से
Oxon Fintech के साथ बैंक स्टेटमेंट डाउनलोड, प्रिंट या अपलोड करने की ज़रूरत नहीं। वे RBI द्वारा नियंत्रित अकाउंट एग्रीगेटर के ज़रिए, आपकी सहमति से, सीधे आपके बैंक से जाते हैं। आप खाता चुनते हैं और मंज़ूरी देते हैं; आपकी मंज़ूरी के बिना कुछ नहीं जाता और कोई पासवर्ड शेयर नहीं होता। ज़्यादा जानें: अकाउंट एग्रीगेटर क्या है।
देरी से बचने के तरीके
- जानकारी एक जैसी हो — PAN, आधार और बैंक खाते में नाम, जन्मतिथि और पता एक ही हो।
- कुछ अपलोड करें तो साफ़ और पूरी कॉपी दें — सारे पेज, कुछ कटा हुआ नहीं।
- मोबाइल नंबर आधार और बैंक खाते से जुड़ा रखें; सहमति और ई-साइन के लिए OTP आता है।
- अपना OTP, UPI PIN या नेट-बैंकिंग पासवर्ड कभी किसी को न बताएँ, चाहे वह ख़ुद को लेंडर बताए। पढ़ें लोन फ़्रॉड से कैसे बचें।
आगे देखें योग्यता की शर्तें या पर्सनल लोन EMI कैलकुलेटर से EMI का अनुमान लगाएँ।

