अगर आप नौकरीपेशा हैं, तो पर्सनल लोन का फ़ैसला ज़्यादातर तीन बातों पर टिका है: नियमित सैलरी, अच्छा भुगतान रिकॉर्ड और नई EMI के लिए बजट में जगह।
लेंडर क्या देखते हैं
- हर महीने बैंक खाते में आने वाली सैलरी, जो सैलरी स्लिप से मेल खाए
- मौजूदा नौकरी में समय और कुल अनुभव — शर्तें हर लेंडर की अलग
- कंपनी की प्रोफ़ाइल — कुछ लेंडर कंपनियों को श्रेणियों में रखते हैं
- CIBIL स्कोर — पढ़ें CIBIL स्कोर कितना होना चाहिए
- टेक-होम सैलरी के मुकाबले चल रही EMI
दस्तावेज़
PAN, पते का प्रमाण, हाल की सैलरी स्लिप और सैलरी क्रेडिट वाले बैंक स्टेटमेंट; कुछ लेंडर Form 16 भी माँगते हैं। Oxon Fintech के साथ बैंक स्टेटमेंट अकाउंट एग्रीगेटर से डिजिटल तरीके से जाते हैं। पूरी सूची: दस्तावेज़।
नौकरीपेशा लोगों के लिए सुझाव
- अगर अभी नौकरी बदली है, तो नई नौकरी में कुछ समय पूरा होने के बाद आवेदन करें।
- सैलरी एक ही खाते में आने दें।
- आवेदन से पहले कार्ड का छोटा बकाया चुका दें, ताकि चल रही देनदारी कम दिखे।
- EMI की तारीख़ सैलरी आने के ठीक बाद रखें।
- EMI कैलकुलेटर से पहले EMI तय कर लें।

