अलग-अलग ब्याज दरों पर ₹60,000 की 2 साल की EMI
| ब्याज दर (सालाना) | मासिक EMI | कुल ब्याज | कुल भुगतान |
|---|---|---|---|
| 10% | ₹2,769 | ₹6,449 | ₹66,449 |
| 12% | ₹2,824 | ₹7,786 | ₹67,786 |
| 14% | ₹2,881 | ₹9,139 | ₹69,139 |
| 16% | ₹2,938 | ₹10,507 | ₹70,507 |
| 18% | ₹2,995 | ₹11,891 | ₹71,891 |
| 20% | ₹3,054 | ₹13,290 | ₹73,290 |
| 22% | ₹3,113 | ₹14,705 | ₹74,705 |
| 24% | ₹3,172 | ₹16,134 | ₹76,134 |
यह रिड्यूसिंग बैलेंस फ़ॉर्मूले से निकाली गई है। दरें सिर्फ़ तुलना के लिए हैं, किसी लेंडर का ऑफ़र नहीं; प्रोसेसिंग फ़ीस और GST अलग से लगते हैं और लेंडर के Key Fact Statement में दिखते हैं।
16% पर महीने-दर-महीने भुगतान
| महीना | चुकाया मूलधन | चुकाया ब्याज | बचा बकाया |
|---|---|---|---|
| महीना 1 | ₹2,138 | ₹800 | ₹57,862 |
| महीना 2 | ₹2,166 | ₹771 | ₹55,696 |
| महीना 3 | ₹2,195 | ₹743 | ₹53,501 |
| महीना 4 | ₹2,224 | ₹713 | ₹51,276 |
| महीना 5 | ₹2,254 | ₹684 | ₹49,022 |
| महीना 6 | ₹2,284 | ₹654 | ₹46,738 |
| महीना 7 | ₹2,315 | ₹623 | ₹44,423 |
| महीना 8 | ₹2,345 | ₹592 | ₹42,078 |
| महीना 9 | ₹2,377 | ₹561 | ₹39,701 |
| महीना 10 | ₹2,408 | ₹529 | ₹37,293 |
| महीना 11 | ₹2,441 | ₹497 | ₹34,852 |
| महीना 12 | ₹2,473 | ₹465 | ₹32,379 |
| महीना 13 | ₹2,506 | ₹432 | ₹29,873 |
| महीना 14 | ₹2,539 | ₹398 | ₹27,334 |
| महीना 15 | ₹2,573 | ₹364 | ₹24,760 |
| महीना 16 | ₹2,608 | ₹330 | ₹22,153 |
| महीना 17 | ₹2,642 | ₹295 | ₹19,510 |
| महीना 18 | ₹2,678 | ₹260 | ₹16,833 |
| महीना 19 | ₹2,713 | ₹224 | ₹14,119 |
| महीना 20 | ₹2,750 | ₹188 | ₹11,370 |
| महीना 21 | ₹2,786 | ₹152 | ₹8,583 |
| महीना 22 | ₹2,823 | ₹114 | ₹5,760 |
| महीना 23 | ₹2,861 | ₹77 | ₹2,899 |
| महीना 24 | ₹2,899 | ₹39 | ₹0 |
ब्याज बचे हुए बकाये पर लगता है, इसलिए शुरुआती EMI में ज़्यादातर ब्याज और बाद की EMI में ज़्यादातर मूलधन होता है: पहले हिस्से का ब्याज लगभग ₹800 और आख़िरी का लगभग ₹39। आधा लोन लगभग महीना 13 तक चुक जाता है। अवधि की शुरुआत में आंशिक प्रीपेमेंट से सबसे ज़्यादा ब्याज बचता है।
₹60,000 दूसरी अवधियों में
| अवधि | मासिक EMI | कुल ब्याज |
|---|---|---|
| 6 महीने | ₹10,472 | ₹2,831 |
| 1 साल | ₹5,444 | ₹5,326 |
| 18 महीने | ₹3,771 | ₹7,885 |
| 2 साल | ₹2,938 | ₹10,507 |
| 3 साल | ₹2,109 | ₹15,939 |
| 4 साल | ₹1,700 | ₹21,620 |
18 महीने चुनने से EMI बढ़ती है, लेकिन लगभग ₹2,622 ब्याज बचता है। 3 साल करने से EMI घटती है, लेकिन लगभग ₹5,432 ब्याज बढ़ जाता है।
2 साल के लिए आस-पास की रकम
| लोन की रकम | मासिक EMI | कुल ब्याज |
|---|---|---|
| ₹40,000 | ₹1,959 | ₹7,005 |
| ₹50,000 | ₹2,448 | ₹8,756 |
| ₹60,000 | ₹2,938 | ₹10,507 |
| ₹75,000 | ₹3,672 | ₹13,134 |
| ₹80,000 | ₹3,917 | ₹14,009 |
इस EMI के लिए कितनी आय चाहिए?
कई लेंडर चाहते हैं कि आपकी सभी EMI मासिक टेक-होम आय के लगभग आधे के अंदर रहें। कोई और EMI न हो तो ₹2,938 की EMI लगभग ₹6,000 महीने की आय के आधे में फ़िट होती है। लेंडर अपनी न्यूनतम आय भी तय करते हैं, जो अक्सर इससे ज़्यादा होती है, और CIBIL स्कोर व बैंकिंग भी देखते हैं — इसे मोटा अंदाज़ा मानें, वादा नहीं।
इस लोन पर कम कैसे चुकाएँ
- ऑफ़र की तुलना सिर्फ़ ब्याज दर पर नहीं, Key Fact Statement में लिखे APR पर करें।
- देखें कि दर रिड्यूसिंग है, फ़्लैट नहीं — फ़्लैट दर कहीं ज़्यादा महँगी पड़ती है।
- सबसे छोटी अवधि चुनें जिसकी EMI हर महीने आराम से भर सकें।
- जब हो सके प्रीपेमेंट करें — शुरुआती प्रीपेमेंट से सबसे ज़्यादा ब्याज बचता है। पहले प्रीपेमेंट शुल्क देख लें।
- CIBIL स्कोर अच्छा रखें — बेहतर स्कोर पर आम तौर पर बेहतर दर मिलती है।

