अलग-अलग ब्याज दरों पर ₹1 लाख की 18 महीने की EMI
| ब्याज दर (सालाना) | मासिक EMI | कुल ब्याज | कुल भुगतान |
|---|---|---|---|
| 10% | ₹6,006 | ₹8,103 | ₹1,08,103 |
| 12% | ₹6,098 | ₹9,768 | ₹1,09,768 |
| 14% | ₹6,192 | ₹11,447 | ₹1,11,447 |
| 16% | ₹6,286 | ₹13,142 | ₹1,13,142 |
| 18% | ₹6,381 | ₹14,850 | ₹1,14,850 |
| 20% | ₹6,476 | ₹16,574 | ₹1,16,574 |
| 22% | ₹6,573 | ₹18,312 | ₹1,18,312 |
| 24% | ₹6,670 | ₹20,064 | ₹1,20,064 |
यह रिड्यूसिंग बैलेंस फ़ॉर्मूले से निकाली गई है। दरें सिर्फ़ तुलना के लिए हैं, किसी लेंडर का ऑफ़र नहीं; प्रोसेसिंग फ़ीस और GST अलग से लगते हैं और लेंडर के Key Fact Statement में दिखते हैं।
16% पर महीने-दर-महीने भुगतान
| महीना | चुकाया मूलधन | चुकाया ब्याज | बचा बकाया |
|---|---|---|---|
| महीना 1 | ₹4,952 | ₹1,333 | ₹95,048 |
| महीना 2 | ₹5,018 | ₹1,267 | ₹90,029 |
| महीना 3 | ₹5,085 | ₹1,200 | ₹84,944 |
| महीना 4 | ₹5,153 | ₹1,133 | ₹79,791 |
| महीना 5 | ₹5,222 | ₹1,064 | ₹74,569 |
| महीना 6 | ₹5,291 | ₹994 | ₹69,278 |
| महीना 7 | ₹5,362 | ₹924 | ₹63,916 |
| महीना 8 | ₹5,433 | ₹852 | ₹58,483 |
| महीना 9 | ₹5,506 | ₹780 | ₹52,977 |
| महीना 10 | ₹5,579 | ₹706 | ₹47,397 |
| महीना 11 | ₹5,654 | ₹632 | ₹41,744 |
| महीना 12 | ₹5,729 | ₹557 | ₹36,015 |
| महीना 13 | ₹5,805 | ₹480 | ₹30,209 |
| महीना 14 | ₹5,883 | ₹403 | ₹24,326 |
| महीना 15 | ₹5,961 | ₹324 | ₹18,365 |
| महीना 16 | ₹6,041 | ₹245 | ₹12,324 |
| महीना 17 | ₹6,121 | ₹164 | ₹6,203 |
| महीना 18 | ₹6,203 | ₹83 | ₹0 |
ब्याज बचे हुए बकाये पर लगता है, इसलिए शुरुआती EMI में ज़्यादातर ब्याज और बाद की EMI में ज़्यादातर मूलधन होता है: पहले हिस्से का ब्याज लगभग ₹1,333 और आख़िरी का लगभग ₹83। आधा लोन लगभग महीना 10 तक चुक जाता है। अवधि की शुरुआत में आंशिक प्रीपेमेंट से सबसे ज़्यादा ब्याज बचता है।
₹1 लाख दूसरी अवधियों में
| अवधि | मासिक EMI | कुल ब्याज |
|---|---|---|
| 6 महीने | ₹17,453 | ₹4,718 |
| 1 साल | ₹9,073 | ₹8,877 |
| 18 महीने | ₹6,286 | ₹13,142 |
| 2 साल | ₹4,896 | ₹17,511 |
| 3 साल | ₹3,516 | ₹26,565 |
| 4 साल | ₹2,834 | ₹36,033 |
1 साल चुनने से EMI बढ़ती है, लेकिन लगभग ₹4,265 ब्याज बचता है। 2 साल करने से EMI घटती है, लेकिन लगभग ₹4,370 ब्याज बढ़ जाता है।
18 महीने के लिए आस-पास की रकम
| लोन की रकम | मासिक EMI | कुल ब्याज |
|---|---|---|
| ₹75,000 | ₹4,714 | ₹9,856 |
| ₹80,000 | ₹5,029 | ₹10,513 |
| ₹1 लाख | ₹6,286 | ₹13,142 |
| ₹1.5 लाख | ₹9,428 | ₹19,712 |
इस EMI के लिए कितनी आय चाहिए?
कई लेंडर चाहते हैं कि आपकी सभी EMI मासिक टेक-होम आय के लगभग आधे के अंदर रहें। कोई और EMI न हो तो ₹6,286 की EMI लगभग ₹13,000 महीने की आय के आधे में फ़िट होती है। लेंडर अपनी न्यूनतम आय भी तय करते हैं, जो अक्सर इससे ज़्यादा होती है, और CIBIL स्कोर व बैंकिंग भी देखते हैं — इसे मोटा अंदाज़ा मानें, वादा नहीं।
इस लोन पर कम कैसे चुकाएँ
- ऑफ़र की तुलना सिर्फ़ ब्याज दर पर नहीं, Key Fact Statement में लिखे APR पर करें।
- देखें कि दर रिड्यूसिंग है, फ़्लैट नहीं — फ़्लैट दर कहीं ज़्यादा महँगी पड़ती है।
- सबसे छोटी अवधि चुनें जिसकी EMI हर महीने आराम से भर सकें।
- जब हो सके प्रीपेमेंट करें — शुरुआती प्रीपेमेंट से सबसे ज़्यादा ब्याज बचता है। पहले प्रीपेमेंट शुल्क देख लें।
- CIBIL स्कोर अच्छा रखें — बेहतर स्कोर पर आम तौर पर बेहतर दर मिलती है।

